मुख्य समाचार
गेटिंगे मेडिकल इंडिया और अमृता अस्पताल ने संयुक्त रूप से 1,500 नर्सों को नवजात शिशुओं की जान बचाने के लिए जीवन-रक्षक कौशल में प्रशिक्षित करने का एक महत्वाकांक्षी कार्यक्रम शुरू किया है। इस इंडो-स्वीडिश साझेदारी का उद्देश्य भारत में नवजात शिशु मृत्यु दर को कम करना है।
कार्यक्रम की विशेषताएँ
- यह कार्यक्रम केडमैन स्किलएड इंडिया फ़ाउंडेशन, अमृता विश्व विद्यापीठम, अमृता अस्पताल, गेटिंगे मेडिकल इंडिया और बिज़नेस स्वीडन के सहयोग से चलाया जा रहा है।
- प्रशिक्षण में उन्नत डिजिटल सामग्री, एलएमएस आधारित शिक्षा, सिमुलेशन स्किल ट्रेनिंग और विशेषज्ञों द्वारा केस-आधारित शिक्षण शामिल हैं।
- अमृता अस्पताल के विशेषज्ञों द्वारा तैयार किए गए 12 प्रमाणित प्रशिक्षण मॉड्यूल शामिल हैं, साथ ही एआई-आधारित परीक्षाएं और कौशल प्रमाणन भी शामिल हैं।
उद्देश्य और प्रभाव
भारत में नवजात मृत्यु दर को कम करने के लिए मजबूत नवजात नर्सिंग क्षमता का विकास करना है, जिससे मृत्यु दर में 15% से 50% तक की कमी लाई जा सके। इस पहल का लक्ष्य 2030 तक एसडीजी लक्ष्यों को प्राप्त करने में मदद करना है। गेटिंगे मेडिकल इंडिया की प्रबंध निदेशक अरुणा नायक और अमृता अस्पताल के प्रशासनिक निदेशक स्वामी निजामृतानंद पुरी ने इस पहल को महत्वपूर्ण बताया है।


