लिट्टी-चोखा महोत्सव का हुआ आयोजन
फरीदाबाद, राकेश देव। यमुना रक्षक दल के तत्वावधान में लिट्टी-चोखा महोत्सव का भव्य आयोजन किया गया। इस अवसर पर यमुना रक्षक दल के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष डॉ.आर एन सिंह ने कहा कि लिट्टी-चोखा महोत्सव का अध्यात्मिक एवं पौराणिक महत्व है। भगवान श्री राम बक्सर धाम में ताड़का सहित विभिन्न राक्षसों से ऋषि-मुनियों को परित्राण दिलाने के उपरान्त ऋषि-मुनियों के आश्रमों पर जाकर आशीर्वाद लिए।यात्रा का पांचवां और अंतिम पड़ाव बक्सर के चरित्रवन में महर्षि विश्वामित्र आश्रम था। आज भी महर्षि विश्वामित्र आश्रम के इर्द-गिर्द लिट्टी-चोखा के भोग के साथ पंचकोसी यात्रा पूर्ण की जाती है। पाँच दिवसीय यात्रा का सबसे महत्वपूर्ण पड़ाव बक्सर का चरित्रवन होता है। इसमें शामिल होने के लिए प्रति वर्ष लाखों की संख्या में श्रद्धालु शामिल होते हैं। डॉ.आर एन सिंह ने कहा कि हमारे पर्व भारतीय संस्कृति से जूड़े होते हैं अतः इन पर्व एवं त्योहारों को उनके मूल आत्मा के अनुरूप हर्षोल्लास से मनाया जाना चाहिए। इस अवसर पर यमुना रक्षक दल के अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के प्रभारी शरीफ आज़म, एडवोकेट धर्मवीर नागर, डॉ. रामदेव सिंह, इन्जीनियर राकेश यादव सहित अन्य गणमान्य महानुभाव उपस्थित हुए।



